कल्याण सिंह नहीं चाहते थे कि बाबरी ढाँचा गिरे फिर क्यों रोक नहीं पाये।
6 दिसंबर 1992 की घटना भारतीय राजनीति और इतिहास की सबसे विवादित घटनाओं में से एक है। उस समय उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री कल्याण सिंह थे। उन्होंने सुप्रीम कोर्ट को आश्वासन दिया था कि बाबरी मस्जिद के ढाँचे को कोई नुकसान नहीं होने दिया जाएगा। लेकिन अयोध्या में लाखों कारसेवकों की भीड़ इकट्ठा हो गई और माहौल अचानक उग्र हो गया।